एसएसपी अरुण मोहन जोशी ने सिपाही को किया लेने हाजिर , बैठाई जांच 

बीती 19 नवंबर को न्यायालय प्रथम अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश की अदालत में दोष सिद्घ होने पर एक आरोपी ने जहरीले पदार्थ का सेवन कर लिया था। इस मामले में एसएसपी देहरादून ने कांस्टेबल की लापरवाही पाते हुए उसे लाइन हाजिर किया है। साथ ही प्रारंभिक जांच भी बिठा दी है।


सहारनपुर के एक सराफा कारोबारी के मुनीम को दिनदहाड़े गोली मारकर लूट के करीब साढ़े तीन साल पुराने मामले में बीती 19 नवंबर को प्रथम अपर जिला एवं सत्र न्यायधीश की अदालत में सुनवाई की तारीख थी। सुनवाई के बाद मामले में पुलिस की ओर से बनाए गए आठ आरोपियों में से दो सौरभ रस्तोगी और नवीन को कोर्ट ने दोषमुक्त कर दिया। इसी क्रम में कोर्ट ने अन्य छह आरोपियों सतेंद्र रस्तोगी उर्फ बिट्टू, रूप किशोर रस्तोगी, जुगल किशोर रस्तोगी, सतेंद्र जैन, सुमित रस्तोगी और अनश को दोषी करार दिया था। इन सभी छह आरोपियों पर सजा का फैसला सुरक्षित रखते हुए कोर्ट ने सुनवाई के अगले रोज की तिथि तय की।

दोपहर करीब एक बजे कोर्ट में जैसे ही सतेंद्र रस्तोगी उर्फ बिट्टू निवासी जहांगीरपुरी दिल्ली को दोष सिद्घ होने का पता चला, उसने जेब से फेसवॉश की शीशी में रखा जहरीला पदार्थ गटक लिया। यह मंजर देख वहां मौजूद पुलिस कर्मियों में हड़कंप मच गया था। उसे एम्स ले जाया गया। वक्त रहते उपचार मिल जाने पर सतेंद्र रस्तोगी को हालांकि अगले ही दिन डिस्चार्ज कर दिया गया। इस मामले में एसएसपी देहरादून ने कांस्टेबल को दोषी पाया है। उन्होंने कांस्टेबल अमित को लाइन हाजिर करते हुए प्रारंभिक जांच बैठा दी है।
कोर्ट में सुनवाई के दौरान आरोपी के जहर गटकने के मामले में संबंधित कांस्टेबल अमित को लाइन हाजिर किया गया है। साथ ही मामले में प्रारंभिक जांच के आदेश भी दिए गए हैं।