रोडवेज वर्कशॉप की भूमि के बदले सरकार आईएसबीटी व 100 करोड़ की प्रतिपूर्ति दे निगम को -धस्माना

: उत्तराखंड परिवहन निगम की हरिद्वार रोड स्थित परिवहन निगम कार्यशाला की भूमि उत्तराखंड सरकार द्वारा शहरी विकास विभाग को हस्तानांतरण किये जाने के विरोध में आज रोडवेज कर्मचारी संयुक्त परिषद का प्रतिनिधिमंडल परिषद के संरक्षक व उत्तराखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के वरिष्ठ उपाध्यक्ष सूर्यकांत धस्माना के नेतृत्व में राज्य के मुख्य सचिव श्री उत्तपल कुमार सिंह से मिले । श्री धस्माना ने इस बात पर आश्चर्य व्यक्त किया कि सैकड़ों करोड़ रुपये की निगम की वर्क शॉप की भूमि बिना किसी बोर्ड प्रस्ताव के सरकार ने मात्र एक कार्यालय ज्ञाप से नगर विकास को हस्तांतरित कर दी। श्री धस्माना ने कहा कि एक तरफ तो परिवहन विभाग के तमाम आर्थिक परेशानियों और देनदारियों के बारे में सरकार कहती है कि निगम एक स्वायत्तशासी संस्था है वो खुद कमाए खुद खाये और दूसरी तरफ निगम की बेशकीमती भूमि बिना विभाग को कोई प्रतिपूर्ति दिए छीन ली जाती है। श्री धस्माना ने कहा कि निगम की आर्थिक स्थिति इतनी पतली है कि कर्मचारियों को वेतन दो से तीन महीने में मिल रहा है । परिषद के महामंत्री श्री दिनेश पंत ने कहा कि जो भूमि ट्रांसपोर्टनगर में वर्कशॉप के लिए निगम को मिली है उसकी रजिस्ट्री निगम ने सात करोड़ रुपये एमडीडीए को चुका कर की है। उन्होंने कहा कि ट्रांसपोर्टनगर में मिली भूमि में जल स्तर इतना ऊपर है कि 20 फुट खोदने पर पानी निकल आता है ऐसे में कैसे वर्कशॉप का निर्माण होगा। प्रतिनिधिमंडल ने मुख्य सचिव से स्पष्ट रूप से कहा कि निगम की भूमि का इस तरह का हस्तांतरण मंजूर नहीं है और अगर सरकार उसे नगर विकास को देना चाहती है तो बदले में निगम को आईएसबीटी बस अड्डा व 100 करोड़ रुपये की प्रतिपूर्ति दे वरना परिषद आंदोलन के लिए मजबूर होगी। मुख्य सचिव ने कहा कि कर्मचारी संगठनों ने जो वैकल्पिक प्रस्ताव दिए हैं उन पर गंभीरता से विचार किया जाएगा।प्रतिनिधिमंडल में परिषद के अध्यक्ष दिनेश गुसाईं, महामंत्री दिनेश पंत,प्रेम सिंह रावत,मेजपाल सिंह,अनिल धीमान,अनुराग नौटियाल,राजेश नंदा,बृजपाल सिंह व राकेश पटवाल शामिल थे।