सरकारी और निजी अस्पतालों से निकल रहे खतरनाक जहर से निमटने के लिए नगर निगम अब बायो वेस्ट मैनेजमेट प्लांट लाने जा रहा है

शहर में बंदिशों और हाईकोर्ट के आदेश के बावजूद सरकारी और निजी अस्पतालों से निकल रहे खतरनाक जहर के निस्तारण के लिए नगर निगम आब बायो वेस्ट मैनेजमेट प्लांट लाने जा रहा है । मौजूदा समय में एक रिपोर्ट के अनुसार जिले में 97 बड़े अस्पतालों का कचरा सड़क पर ही डंप किया जा रहा है , इनमें 45 अस्पताल तो शहरी क्षेत्र में है जबकि इसके अलावा छोटे-बड़े ऐसे दर्जनों नर्सिंग होम और क्लीनिक है जो अपने कचरे को नगर निगम के कूड़ेदान में ही डंप कर रहे हैं । उससे बचने के लिए अब निगम की ओर से बोर्ड बैठक में बायो मेडिकल वेस्ट ट्रीटमेंट प्लांट लगाने का प्रस्ताव लाया जा रहा है जो कि पीपीपी मोड में बनेगा और नगर निगम को स्वच्छता रैकिंग में भी लाभ मिलेगा । दरअसल अस्पतालों से निकलने वाला कचरा इतना ज्यादा खतरनाक होता है कि उसे सामान्य कूडे के साथ डंब नहीं किया जा सकता । शासन की तरफ से बायो मेडिकल वेस्ट के ट्रीटमेंट के लिए रुड़की स्थित मेडिकल पोलूशन कंट्रोल कमेटी को अधिकृत किया गया है । नगर आयुक्त ने शंकर पांडे ने बताया की बायो मेडिकल वेस्ट के निस्तारण के लिए नगर निगम प्लांट लगाने जा रहा है , निगम की आगामी बोर्ड बैठक में प्रस्ताव लाया जा रहा है । शहर में अस्पतालों का रासायनिक कूडा नहीं फैले इसके लिए नगर निगम ने अपनी गाड़ियों में इस कूड़े के उठान की तैयारी की है प्लांट बनने तक यह कूड़ा रुड़की में बने निस्तारण प्लांट में भेजा जाएगा ।