जरूरत पड़ी तो सील होंगी अंतराष्ट्रीय सीमाएं-मुख्य्मंत्री
कोरोना पर देश में कोहराम मचा हुवा है जिसके चलते भारत सरकार और स्वास्थ्य विभाग पूरी सतर्कता बरत रहा है  साथ ही बाहर से आने वाले लोगो की इस्क्रिनिंग  की जा रही है। उत्तराखंड में भी स्वास्थ्य विभाग से लेकर सरकार पूरी तरह सतर्कता बरत  रहा है,सभी जिलों के स्वास्थ्य  विभाग के अधिकारियो को अलर्ट पर रखा गया है। भारत सरकार ने अभी हाल ही में कुछ देशो से लोगो के आने पर प्रतिबंध लगाया है  अब उत्तराखंड सरकार भी कोरोना पर एतियातन अपनी सीमाएं सील कर सकती है अगर उत्तराखंड में अगर कोरोना का असर दिखता  है  तो उत्तराखंड सरकार अपनी अंतर्राष्ट्रीय सीमायें  सील कर सकता है। 

 

भारत सरकार ने  कोरोना के चलते  कई कदम उठा रही है  जिससे भारत सरकार ने कई देशो से आने वाले लोगो को वीजा देने से इंकार कर दिया है /उत्तराखंड सरकार भी कोरोना पर पूरी सतर्कता बरत रही है जिसके चलते पुरे स्वास्थ्य  विभाग  को भी अलर्ट पर रखा गया है आज मुख्य्मंत्री  ने बताया की अगर जरूरत पड़ी तो अंतराष्ट्रीय सीमाओं को भी सील किया जा सकता है। मुख्य्मंत्री  ने कहा  कि अभी उत्तराखंड में कोई भी कोरोना का पॉजिटिव मरीज नहीं मिला है  और स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह सतर्क है  और सीमाओं पर सभी लोगो की जांच की जा रही है  और अगर जरूरत पड़ेगी तो अंतर्राष्टीय सीमाओं पर प्रवेश निषेद भी किया जाएगा। मुख्य्मंत्री  ने लोगो से सतर्कता बरतने का आग्रह किया है। आपको बता दे की उत्तराखंड से  चीन और नेपाल की सीमाएं लगती है  जबकि नेपाल भारत का मित्र देश है  जिसके कारण नेपाल और भारत की सीमाओं में आसानी से आवाजाही की जाती है ,सीमा से लगे स्थानों पर लोग काफी व्यापार एक दूसरे के देशो में जाकर करते है। आपको बता दे की उत्तराखंड सरकार पहले हिन् अपने कई बड़े प्रोग्रामो को कोरोना के चलते रद्द कर चुकी  है  जिसमे वैलनेस  और एडवेंचर समिट सहित उत्तराखंड का प्रसिद्ध टिहरी लेक महोत्स्व  है जो कोरोना के चलते सरकार ने रद्द किये है  क्योकि इनमे काफी संख्या में विदेशी लोग आते है। मतलब साफ़ है  सरकार कोरोना पर कोई भी लापरवाही नहीं बरतना चाहती है।