बीजेपी चाहती है नागरिकता कानून पर देश में दंगे हों- धस्माना

 नागरिकता कानून के मामले में आज हिमाचल के मुख्यमंत्री द्वारा कांग्रेस पर लगाये गए आरोपों को खारिज करते हुए उत्तराखंड प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ नेता सूर्यकांत धस्माना ने कहा कि संख्याबल के आधार पर देश की संसद से नागरिकता संशोधन कानून पास कर बीजेपी ने डॉक्टर भीम राव अम्बेडकर व संविधान सभा में शामिल पंडित जवाहरलाल नेहरु, सरदार वल्लभभाई पटेल, सीताभी पट्टा रमइया ,कृष्णामचारी आदि आज़ादी की लड़ाई के नेताओं के द्वारा तैयार संविधान की मूल भावना की हत्या करने का अपराध किया है जिसको देश की जनता कभी माफ नहीं करेगी। उन्होंने कहा कि इस कानून में धर्म के आधार पर नागरिकता देने का प्रावधान कर मोदी सरकार ने देश के संविधान की मूल प्रस्तावना को ही भ्रष्ट कर दिया जिसमें भारतीय नागरिक की पहचान धार्मिक जातीय भाषायी व क्षेत्र के आधार पर न हो कर केवल भारतीय नागरिक के रूप में विद्यमान थी। श्री धस्माना ने कहा कि वास्तव में में देश में भ्रम की स्थिति बीजेपी व मोदी सरकार फैला रही है। श्री धस्माना ने कहा कि एक तरफ तो संसद में खड़े हो कर देश के ग्रहः मंत्री अमित शाह कैब पर  अपने भाषण में कह रहे है कि अभी कैब आया है जो सीएए बनेगा ,फिर एनआरसी आएगा जो केवल पश्चिम बंगाल में नहीं बल्कि पूरे हिंदुस्तान में लागू होगा। दूसरी तरफ देश के प्रधानमंत्री दिल्ली की रैली में कहते हैं कि कांग्रेस और विपक्ष एनआरसी पर भ्रम पैदा कर रहे हैं , उन्होंने जोर दे कर कहा कि एनआरसी पर तो अभी कोई चर्चा ही नहीं हुई। श्री धस्माना ने कहा कि ग्रहः मंत्री का बयान संसद की कार्यवाही का हिस्सा है तो देश की जनता क्या समझे कि संसद में झूठ बोला गया ग्रहः मंत्री द्वारा या दिल्ली की रैली में पीएम ने झूठ बोला। श्री धस्माना ने कहा कि सीएए पर प्रेस कांफ्रेंस करने वाले बीजेपी के सूरमाओं को इस भरम को दूर करने की आवश्यकता है। 
श्री धस्माना ने कहा कि आज पूरे देश में युवा और विद्यार्थी बीजेपी के असली मंसूबों को समझ गया है , वो जान चुके हैं कि रोजगार मोदी दे नही सकते, जीडीपी लगातार रसातल की ओर जा रही है, उद्योग धंधे चौपट हो रहे हैं, महंगाई आसमान पर है  और देश की जनता का आक्रोश मोदी सरकार के खिलाफ लगातार बढ़ रहा है इसलिए अब जब कोई रास्ता नहीं बचा तो सीएए व एनआरसी के नाम पर देश की जनता का ध्यान हिन्दू मुस्लिम की ओर केंद्रित कर दो । श्री धस्माना ने कहा कि पीएम मोदी को चाहिए था कि अपनी जिस नेताओं की फ़ौज को उन्होंने सीएए व एनआरसी के मुद्दे पर उतारा है उसे देश की बेरोजगारी ,महंगाई,गिरती जीडीपी का जवाब देने के लिए उतरते।